पोस्ट ऑफिस की फिक्स्ड डिपॉजिट स्कीम उन लोगों के लिए एक भरोसेमंद विकल्प है जो अपने पैसे को सुरक्षित जगह पर रखकर तय समय में निश्चित ब्याज कमाना चाहते हैं। यह स्कीम खास तौर पर उन निवेशकों को पसंद आती है जो जोखिम से दूर रहना चाहते हैं और बिना किसी टेंशन के गारंटीड रिटर्न चाहते हैं।
पोस्ट ऑफिस FD में निवेश करने पर पैसा पूरी तरह सुरक्षित रहता है, क्योंकि यह सरकार द्वारा संचालित योजना है। यही वजह है कि छोटे निवेशक भी इसमें भरोसे के साथ पैसा लगाते हैं।
पोस्ट ऑफिस FD स्कीम क्या है?
पोस्ट ऑफिस FD एक तय अवधि की जमा योजना होती है, जिसमें आप एक बार पैसा जमा करते हैं और उस पर तय ब्याज मिलता है। अवधि पूरी होने पर आपको मूलधन के साथ ब्याज भी मिल जाता है। FD की अवधि 1 साल से लेकर 5 साल तक होती है, जिसे आप अपनी जरूरत के हिसाब से चुन सकते हैं।
10,000 रुपये की FD पर 1 साल में कितना ब्याज मिलेगा?
आपकी भेजी गई फोटो के अनुसार अगर कोई व्यक्ति पोस्ट ऑफिस में 10,000 रुपये की FD 1 साल के लिए करता है और ब्याज दर 7.5 प्रतिशत सालाना रहती है, तो 1 साल बाद उसे करीब 771 रुपये का ब्याज मिलता है। इस तरह मैच्योरिटी पर कुल रकम बढ़कर 10,771 रुपये हो जाती है।
ब्याज कैसे जुड़ता है?
पोस्ट ऑफिस FD पर ब्याज तय दर से जुड़ता है। 1 साल की FD में ब्याज सीधा साल के अंत में जोड़ दिया जाता है। चूंकि ब्याज दर पहले से तय होती है, इसलिए निवेशक को पहले ही पता होता है कि मैच्योरिटी पर कितनी रकम मिलने वाली है।
किन लोगों के लिए FD सही विकल्प है?
पोस्ट ऑफिस FD उन लोगों के लिए सही है जो सुरक्षित निवेश चाहते हैं। रिटायर्ड लोग, गृहिणियां, छोटे व्यापारी और नौकरीपेशा लोग इस स्कीम का फायदा उठा सकते हैं। जिनके पास थोड़ी-सी बचत है और वे उसे सुरक्षित रखना चाहते हैं, उनके लिए 10,000 रुपये की FD भी एक अच्छा विकल्प हो सकती है।
पोस्ट ऑफिस FD कहां और कैसे खोलें?
पोस्ट ऑफिस FD खाता देश के किसी भी नजदीकी पोस्ट ऑफिस में आसानी से खुल जाता है। इसके लिए आधार कार्ड, पहचान पत्र और एक छोटा-सा फॉर्म भरना होता है। खाता खुलने के बाद पैसा एक बार जमा करना होता है और तय समय पर मैच्योरिटी की राशि मिल जाती है।
Disclaimer: यह जानकारी आपकी भेजी गई फोटो में दिए गए कैलकुलेशन और मौजूदा ब्याज दर के आधार पर दी गई है। पोस्ट ऑफिस FD की ब्याज दरें समय-समय पर बदल सकती हैं। निवेश करने से पहले अपने नजदीकी पोस्ट ऑफिस से वर्तमान ब्याज दर और नियमों की पुष्टि जरूर कर लें।