दुनिया के सबसे ऊंचे और मुश्किल युद्ध क्षेत्र में पहली महिला अफसर,-31 डिग्री में करेंगी ड्यूटी

दुनिया के सबसे ऊंचे और मुश्किल युद्ध क्षेत्र में पहली महिला अफसर,-31 डिग्री में करेंगी ड्यूटी

 
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Capt Shiva Chauhan Deployed In Siachen: भारतीय सेना की फायर एंड फ्यूरी कॉर्प्स सैपर्स की कैप्टन शिवा चौहान ने इतिहास रच दिया है। कैप्टन शिवा चौहान, सियाचिन बैटलग्राउंड में तैनात होने वाली पहली महिला अधिकारी बन गई हैं।कैप्टन शिवा चौहान की तैनाती कुमार पोस्ट में हुई है। बता दें कि सियाचिन को दुनिया का सबसे ऊंचा युद्धक्षेत्र माना जाता है।

पहली बार किसी महिला अधिकारी को किया गया है तैनात

यह पहली बार है जब किसी सैन्य महिला अधिकारी को सियाचिन ग्लेशियर में वास्तविक पोस्ट पर सक्रिय रूप से तैनात किया गया है। इससे पहले महिला अधिकारियों को यूनिट के साथ उनकी नियमित पोस्टिंग के हिस्से के रूप में लगभग 9,000 फीट की ऊंचाई पर स्थित सियाचिन बेस कैंप में तैनात किया जाता रहा है। लेह स्थित फायर एंड फ्यूरी कॉर्प्स ने ट्वीट कर इसकी जानकारी दी है।

पोस्टिंग से पहले दी गई कड़ी ट्रेनिंग

भारतीय सेना की फायर एंड फ्यूरी कॉर्प्स के मुताबिक शिवा की पोस्टिंग कठिन प्रशिक्षण के बाद की गई है। फायर फ्यूरी कोर ने ट्वीट करके बताया, "फायर एंड फ्यूरी सैपर्स की कैप्टन शिवा चौहान दुनिया के सबसे ऊंचे युद्धक्षेत्र में कठिन प्रशिक्षण पूरा करने के बाद कुमार पोस्ट में सक्रिय रूप से तैनात होने वाली पहली महिला अधिकारी बनीं।"Weather Alerts: 2-3 दिन जारी रहेगा कड़ाके की सर्दी और कोहरे का दौर,तीन शहरों में पारा माइनस में, चूरू- माउंट आबू में जमी बर्फफायर एंड फ्यूरी कॉर्प्स की तरफ से दो तस्वीरें भी शेयर की गई हैं, जिसमें कैप्टन शिवा को देखा जा सकता है। ये तस्वीरें अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही हैं। तस्वीर में देखा जा सकता है कि एक बोर्ड पर ‘वेलकम टू कुमार पोस्ट’ लिखा हुआ है। इसमें समुद्र तल से पोस्ट की ऊंचाई करीब 15,632 फीट है।

बहुत कठिन है सियाचिन में रहना

1984 से 2015 तक सियाचिन में मौसम की वजह से 873 जवानों की मौत हुई। हालांकि, चूंकि यह रणनीतिक रूप से बहुत महत्वपूर्ण है, इसलिए वहां 3000 सैनिक हमेशा तैनात रहते हैं। हादसों और हिमस्खलन की चपेट में आने से कई जवानों की मौत भी हुई।

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